Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
October 16, 2026
00
AdvertisementAdvertisementAdvertisementAdvertisementAdvertisementAdvertisement

श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 16 जनवरी 2022। अलसुबह घने कोहरे की आड़ में सड़क रक्त से लाल हो गई और क्षेत्रभर के लोग उस घड़ी को कोस रहें है जब 22 वर्षीय एक नौजवान ने अपने प्राण गवां दिए है। गांव रिड़ी के निवासी बजरंगलाल जाट के दो पुत्रों में बड़े पुत्र मदनलाल की दर्दनाक मौत हो गई है। मदन का विवाह उसके माता पिता ने आंखों में मधुर सपने संजोए 11 माह पूर्व ही जैसलसर की पप्पूदेवी से किया गया था। कल रात ही मदनलाल की पत्नी को प्रसव पीड़ा के कारण श्रीडूंगरगढ़ अस्पताल ले जाया गया और वहां उसने कुल दीपक को जन्म दिया। बच्चे के दादा बजरंगलाल व पूरे परिवार में नन्हीं किलकारी गूंज उठने के समाचार से उमंग व खुशी का माहौल छा गया था। परन्तु नियति को कुछ ओर ही मंजूर था आज सुबह ही सातलेरा गांव के एक खेत से ऊंटगाड़े में चारा लेकर मदनलाल रिड़ी के लिए रवाना हुआ। खाखी धोरे के पास युवक एक दर्दनाक हादसे का शिकार हो गया व एक ट्रक ने उसे कुचल दिया। युवक नवजात का मुख भी नहीं देख पाया। युवक की व ऊंट की मौत मौके पर ही हो गई और ट्रक वहीं छोड़ कर ट्रक चालक फरार हो गया। मदनलाल के घर में सुबह के उजाले के स्थान पर एक कुलदीपक के बुझ जाने का अंधेरा छा गया। युवक के घर व ससुराल में कोहराम मचा है और पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम करवा कर शव परिजनों को सौंप दिया गया है।

मदनलाल ने मरते दम तक नहीं छोड़ा ऊंटगाड़े का साथ…
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। ग्रामीणों से प्राप्त जानकारी के अनुसार युवक मदनलाल अपने बाल्य काल से ही ऊंटो से विशेष स्नेह रखता था। खेती किसानी परिवार में ये आम बात थी परंतु जब कई बार परिजनों ने काम धंधा करने की बात तो युवक ने ऊंटगाड़े का कार्य ही करने का ऐलान किया। पिता ने ऊंटगाड़ा दिलवाया तभी से मात्र 15 वर्ष की आयु से ऊंटगाड़े से ही अपने कार्य करता था। वह साधारण किसान की तरह खेत पर मेहनत करता व ऊंट गाड़े से चारा वाहन का कार्य कर अपना रोजगार चला रहा था। युवक की मौत से उसका छोटा भाई व पिता टूट गए है और काल की नियति को कोस रहें है।

कोहरे के कारण शनिवार सुबह नागौर में हुए हादसे की जानकारी देते हुए श्रीडूंगरगढ टाइम्स ने नागरिकों से सचेत रहने की अपील शनिवार सुबह की खबर में की थी और आज पुनः एक बार अपील करते है कि कोहरा दो चार दिन रहेगा परंतु अपने परिवार का साथ देने के लिए सुरक्षा को पहले पायदान पर रखें और कोहरे में बिना आवश्यक कार्य के गाड़ी लेकर नहीं सड़क पर नहीं निकले।