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October 16, 2026
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श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। मोदी सरकार के बजट के एनालिसिस के रूप में टाइम्स के पाठकों के लिए अलग अलग सरल व्याख्या प्रस्तुत की जा ही है। इस खबर के प्रथम भाग में सीए रवि शर्मा ने टैक्स सबंधी जानकारियां दी थी और इस दूसरे भाग में वित्तीय सलाहकार एंव प्रोजेक्ट एडवाइजर मघाराम सुथार फंड मैनेजमेंट के जानकारी दे रहे है।
इस बजट में कृषि के अलावा अन्य वस्तुओं पर कस्टम ड्यूटी 21 फीसदी से घटाकर 13 प्रतिशत कर दी गई है। वैकल्पिक उर्वरकों को बढ़ावा देने के लिए पीएम प्रणाम योजना की शुरूआत देश को कीटनाशक मुक्त खेती की ओर ले जा पायेगी। इसी प्रकार गोबरधन स्कीम के तहत 500 नए संयंत्रों की स्थापना की जाएगी जिनमें गोवंश के गोबर से ऊर्जा प्राप्त कर गोवंश को आर्थिक रूप से सम्रद्ध बनाने का प्रयास किया जाएगा। इसी प्रकार युवा उद्यमियों द्वारा कृषि-स्टार्टअप को प्रोत्साहित करने के लिए कृषि त्वरक कोष की स्थापना भी की जाएगी। पशुपालन, डेयरी और मत्स्य पालन पर ध्यान देते हुए कृषि ऋण लक्ष्य को बढ़ाकर 20 लाख करोड़ रुपये किया जाएगा। ऊर्जा सुरक्षा के क्षेत्र में 35 हजार करोड़ और नवीकरणीय ऊर्जा क्षेत्र में 20,700 करोड़ रुपए का निवेश किया जाएगा। 3 करोड़ के टर्नओवर वाले माइक्रो उद्योग को कर में छूट दी जाएगी। कोरोना महामारी से प्रभावित MSME को राहत दी जाएगी। स्वैच्छिक समाधान योजना लाई जाएगी। एमएसएमई के लिए क्रेडिट गारंटी-कॉरपस में 9000 करोड़ रुपये डाले गए है। इसके अलावा कृषि क्षेत्र की स्थिति को भी मजबूत करने का प्रयास किया गया है। बजट में कृषि क्षेत्र के लिए 2023-24 में कुल 1.25 लाख करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं जबकि वित्त वर्ष 2022-23 में लगभग 1.24 करोड़ रुपए फंड का प्रावधान किया गया था। इसके अलावा 1 करोड़ किसानों को प्राकृतिक खेती से जोड़ने के लिए किया गया प्रावधान भी भारतीय खेती में नई शुरूआत करेगा।