Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
October 16, 2026
0b86eb24-505c-47cb-b4ff-c03c43d67f94
AdvertisementAdvertisementAdvertisementAdvertisementAdvertisementAdvertisement

श्रीडूंगरगढ टाइम्स 9 जुलाई 2020। आज कोरोना कि गिरफ्त में आया श्रीडूंगरगढ शहर अब अपने प्रत्येक नागरिक से कोरोना फाईटर बनने की अपील कर रहा है। जिस प्रकार निकटवर्ती कस्बे लूणकरणसर के निवासियों ने अपने क्षेत्र के प्रति जिम्मेदारी समझी है वैसे ही श्रीडूंगरगढ़ के भी हर नागरिक को अपनी जिम्मेदारी समझनी होगी। जरूरत है श्रीडूंगरगढ़ शहर में कोरोना आंतक किसी आंख में आंसू ना दे सके ये समझने की। 14 संक्रमित लोगों द्वारा, उनके परिवार द्वारा एवं इन संक्रमितों के सम्पर्क में आए व्यक्तियों कि क्षेत्र में सैंकडों लोगों से कांटेक्ट हिस्ट्री निकल रही है। ऐसे में अब आवश्यकता है कि हर नागरिक कोरोना फाईटर बन कर स्वयं अपनी व अपने परिवार सहित क्षेत्र की सुरक्षा में जिम्मेदारी निभाएं। ऐसे में हमारे क्षेत्र में जो भी लोग संक्रमितों के संपर्क में आएं है उन्हें स्वयं ही क्वारेंटाइन हो जाना चाहिए। इस संबंध में बार संघ श्रीडूंगरगढ ने सराहनीय पहल की और सभी वकिलों ने स्वयं को क्वारेंटाइन कर लिया। ज्ञात रहे प्रशासन अकेले इस कोरोना महामारी से नहीं लड़ सकता है तथा जनता को स्वयं इससे निपटने के उपाय करने होगें। पब्लिक हैल्थ विशेषज्ञ एवं ब्लाक सीएमएचओ डा श्रीमोहन शर्मा ने श्रीडूंगरगढ़ की स्थिति को देखते हुए बताया कि अब वक्त है हर नागरिक कोरोना फाईटर बन कर संक्रमण को रोकने में सहयोगी बने। जो भी संक्रमितों के संपर्क में आए है वे स्वयं ही अपने घरों में क्वारेंटाइन का पालन करते हुए अपने परिजनों के संपर्क से भी दूर रहें। अभी भी बाजार में संक्रमितों के संपर्क में आए लोगों के घूमने की सूचनाऐं मिल रही है उन्हें कोरोना जांच या किसी प्रकार के सर्दी-जुखाम, बुखार का इंतजार किए बिना ही सावचेत होकर क्वारेंटाइन हो जाना चाहिए। डॉ जोशी ने बताया कि जांच में पॉजिटिव आने के बाद भी तो प्रशासन उन्हें क्वारेंटाइन ही करेगा तो क्यों ना संक्रमितों के सम्पर्क में आए समस्त व्यक्ति पहल कर अपने अपने घरों में क्वारेंटाइरन हो जाए। ऐसा करके वो व्यक्ति अपने परिवार के बुजुर्गों, बच्चों व कम इम्यूनिटी वाले सदस्यों की जान बचा सकेंगे। क्योंकि संभव है कि संक्रमितों के सम्पर्क में आने वाला व्यक्ति खुद तो कुछ दिनों में स्वस्थ हो जाए लेकिन उससे कोरोना वायरस उसके घर में बुजुर्गों, बच्चों व कम इम्युनिटी वाले लोगों तक पहुंच गया तो हालात भयावह हो सकते है। सभी नागरिक स्वयं आगे आकर यह पहल करें एवं खुद की व परिवार की, क्षेत्र की सुरक्षा में कोरोना फाइटर बनें। क्षेत्र के जानकारों की चिंता ये है कि हमारे क्षेत्र में मेडिकल सुविधाएं भी ऐसी नहीं है कि महामारी फैल जाने पर उसे रोकने के पर्याप्त संसाधन उपलब्ध हो सके। अब क्षेत्र के युवाओं सहित सभी को लापरवाही बरतने का नजरिया समाप्त कर अपनी जिम्मेदारी समझनी होगी।