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October 16, 2026
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श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 1 जून 2026। ‘वंदे गंगा, जल संरक्षण जन अभियान के तहत जिला स्तरीय कृषि कार्यशाला तथा गोष्ठी व सूक्ष्म सिंचाई संयंत्र प्रर्दशनी का आयोजन सोमवार को बीकानेर में जयपुर रोड स्थित कृषि भवन में किया गया। जिला प्रशासन द्वारा कृषि और उद्यानिकी विभाग के माध्यम से आयोजित कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में श्री विश्वकर्मा कौशल विकास बोर्ड के अध्यक्ष रामगोपाल सुथार मौजूद रहे। सुथार ने कहा कि प्रदेश के गांव-गांव और ढाणी-ढाणी में जल संरक्षण, बूंद बूंद पानी के सदुपयोग और पौधारोपण की अलख जगाई जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि जल संरक्षण आज की सबसे अधिक बड़ी चुनौती तथा आवश्यकता है। प्रत्येक व्यक्ति को इस अभियान से जुड़ते हुए जल की बचत करनी चाहिए तथा दूसरों को प्रेरित करना चाहिए। उन्होंने कहा की खेती में भी जल बचत तथा बूंद-बूंद पानी का प्रयोग अत्यंत महत्वपूर्ण है। किसान ऐसे नवाचार करें, जिससे कम से कम पानी में अधिक फसलें ली जा सकें। जिला कलेक्टर निशांत जैन ने कहा कि अभियान के तहत 15 विभागों द्वारा सघन गतिविधियां आयोजित की जा रही है। उच्च स्तर पर इनकी नियमित मॉनिटरिंग हो रही है। उन्होंने कहा कि जिले सहित देश और प्रदेश की अर्थव्यवस्था कृषि पर निर्भर है। ऐसे में प्रगतिशील किसानों को जल संरक्षण से जुड़े उपाय बताना अच्छी पहल है। उन्होंने कहा कि किसान परंपरागत के साथ नवीन कृषि उद्यानिकी तकनीकों से भी खेती करें, जिससे पानी का संरक्षण हो सके। इसके लिए इस अभियान को जल संरक्षण से जोड़ते हुए अधिक से अधिक किसानों को प्रेरित किया जाए। कार्यक्रम में भाजपा जिलाध्यक्ष श्याम पंचारिया ने कहा कि पश्चिमी राजस्थान के लोग बूंद-बूंद पानी की कीमत समझते हैं। यहां जल संरक्षण की परम्परा रही है। हमारे पूर्वजों ने अनेक कुएं, तालाब और बावड़ियां बनवाई। इनका संरक्षण भी हमारी जिम्मेदारी है। भाजपा नेता कुंभनाथ सिद्ध और कैलाश बिश्नोई ने भी जल संरक्षण से जुड़े विचार रखे। सहायक निदेशक (उद्यान) मुकेश गहलोत ने बताया कि जिला मुख्यालय सहित ब्लॉक मुख्यालयों पर भी यह कार्यक्रम आयोजित किए गए हैं। उन्होंने अभियान की रूपरेखा के बारे में जानकारी दी और सरकार की योजनाओं के बारे में बताया। इस अवसर पर चतुर्भुज मेघवाल, शिवकरण कूकणा, हनुमानदास स्वामी, जसविंदर सिंह, मेघसिंह राजपुरोहित और मनजीत सिंह आदि नवाचारी किसानों ने अपने अनुभव साझा किए और जल संरक्षण से जुड़े कार्यों के बारे में बताया। बोर्ड अध्यक्ष सुथार और जिला कलक्टर ने ग्यारह नवाचारी किसानों को प्रमाण पत्र प्रदान किए। कार्यक्रम में श्रीडूंगरगढ़ के नवाचारी युवा किसान रामलक्ष्मण चोटिया व नानूराम को सम्मानित किया गया। चोटिया को केवल बरसात के पानी से पोली हाऊस स्थापित कर कृषि में वर्षा जल की एक एक बूंद का प्रयोग करने के लिए तथा नानूराम को अनार की खेती के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने के लिए प्रोत्साहित करते हुए सम्मानित किया गया है। विभाग द्वारा सूक्ष्म सिंचाई संयंत्रों पर आधारित प्रदर्शनी लगाई गई। इसके लिए मैसर्स पिस्तादेवी किसान केन्द्र और मैसर्स पवन पॉलीटेक्स प्रालि को सम्मानित किया गया। समारोह में मुख्यमंत्री कार्यालय से अभियान समन्वयक शालिनी जैन, कृषि विभाग के उपनिदेशक प्रेमाराम, सहायक निदेशक सुरेन्द्र मारू सहित विभिन्न क्षेत्रों से आए प्रगतिशील किसान एवं विभागीय अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे। संयुक्त निदेशक (कृषि) मदनलाल ने धन्यवाद ज्ञापित किया। कार्यशाला का संचालन सहायक निदेशक उद्यान मुकेश गहलोत ने किया। कार्यक्रम के अंत में सुथार और जिला कलेक्टर सहित अन्य अतिथियों ने पौधारोपण किया।

श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। नवाचारी किसान में श्रीडूंगरगढ़ अंचल के किसान नानूराम को किया सम्मानित।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। नवाचारी किसान में श्रीडूंगरगढ़ अंचल के किसान रामलक्ष्मण चोटिया को किया सम्मानित।