Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
October 17, 2026
0000
AdvertisementAdvertisementAdvertisementAdvertisementAdvertisementAdvertisement

श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 31 जुलाई 2024। श्रीडूंगरगढ़ निवासी समीर सेन कनाडा की प्रतिष्ठित यूनिवर्सिटी में शोध कार्य सफलता पूर्वक पूरी कर देश लौट आया है। समीर की वापसी पर बिग्गाबास स्थित उनके निवास पर शिक्षक पिता लक्ष्मीनारायण मारू, शिक्षिका माता सुषमादेवी व दादी गायत्रीदेवी ने उनका स्वागत किया। सुषमादेवी ने बताया कि आईआईटी खड़गपुर में कैमिकल इंजीनियरिंग के चतुर्थ वर्ष की पढ़ाई के दौरान समीर का ऐथबेस्का यूनिवर्सिटी अलबर्टा एडमनटन कनाडा में रिसर्च के लिए सलेक्शन हुआ। समीर ने एथबेस्का की नदियों में प्रतिवर्ष फॉस्फोरस की मात्रा में होने वाले परिवर्तन के संबंध में रिसर्च पूरी की। वे मात्र तीन महिनों में रिसर्च पूरी कर भारत आ गए है। दादी गायत्रीदेवी ने प्रसन्नता जताते हुए बताया कि समीर बचपन से ही प्रतिभाशाली रहा है और शुरू से ही उसकी गणित व विज्ञान में रूचि रही है। उन्होनें बताया कि वह कक्षा 6 से ही ओलम्पियाड स्तर की प्रतियोगिताओं में राज्य स्तर पर प्रथम रैंक पर रहा है। समीर का आईआईटी खड़गपुर में भी 12वीं कक्षा के साथ ही दी गई परीक्षा में प्रथम प्रयास चयन हुआ था। समीर के घर परिवार में खुशी का माहौल छा गया है वहीं नाते रिश्तेदार, जानकार व मित्र उन्हें बधाईयां दे रहें है।

श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। समीर सेन पुत्र लक्ष्मीनारायण मारू ने पूरा किया कनाडा में शोध कार्य।