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October 16, 2026
evee
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मोमासर बास में गौसेवार्थ भागवत कथा प्रारंभ।

श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। करणी गौसेवा समिति द्वारा करणी गौशाला में आयोजित गौसेवार्थ भागवत कथा आज कलश यात्रा के साथ प्रारंभ हुई। बैंड बाजों के साथ ठाकुरजी मंदिर से कलश यात्रा निकल मुख्य मार्गों से होते हुए कथा स्थल तक पहुंची। यात्रा में उत्साह के साथ मंगलवेश में बड़ी संख्या में महिलाओं व बालिकाओं ने कलश लेकर भाग लिया। कथा वाचक निर्मल महाराज ने पहले दिन भागवत का माहात्म्य बताते हुए भागवत को जीवन का सार बताया। उन्होंने भक्ति के दो पुत्र ज्ञान व वैराग्य की कथा सुनाई। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने कथा श्रवण का लाभ लिया। कथा में पहले ही दिन सुदंर झांकी सजाई।

श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। मुख्य मार्गों से निकली कलश यात्रा, धूमधाम से शुरू हुई भागवत कथा।

श्रीडूंगरगढ़ महाविद्यालय में एक दिवसीय व्याख्यान का आयोजन।

श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। कस्बे के श्रीडूंगरगढ़ महाविद्यालय में “हिंदी भाषा एवं काव्य ज्ञान” विषय पर व्याख्यान का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि साहित्यकार शैलेंद्र चौहान जयपुर ने विद्यार्थियों को कविता संग्रह का महत्व बताया। उन्होंने कहा कि वर्तमान युग में युवा साहित्य, कविता व भाषा की पुस्तकों से दूर होते जा रहे है। जिसका एक कारण डिजिटल युग की शुरुआत है। युवा जो शिक्षा ग्रहण कर रहे है, उसका एक उद्देश्य होना चाहिए। शिक्षा का उद्देश्य रोजगार मात्र नहीं होकर समाज, समाज सेवा में भी निहित होना चाहिए। साहित्यकार चौहान ने कहा कि कविता संग्रह में कथाओं का नवाचार हुआ है। साहित्य ने समाज को एक रहने का सूत्र दिया है। किंतु यह विडम्बना है, कि यह साहित्य युवाओं तक नहीं पहुंच रहे। साहित्यकार श्याम महर्षि ने कहा कि युवाओं को साहित्यक ज्ञान होना आवश्यक है। साहित्यिक ज्ञान युवाओं में बौद्धिक क्षमताओं का विकास करता है। समाजिक कार्यकता रामचंद्र राठी ने कहा कि विद्यार्थी हिंदी व उसके काव्य ज्ञान का अध्यन सिर्फ परीक्षा पास करने के लिए नहीं करते हुए, उसको बौद्धिक विकास के लिए करें। प्राचार्य डॉ.विनोद सुथार ने अतिथियों का शॉल, साफा व मोमेंटों देकर सम्मान किया। व्याख्यान का संचालन हिन्दी विभाग के व्याख्याता पवन सिद्ध ने किया। इस दौरान डॉ.राजेश सेवग, सुनील आचार्य, निशा स्वामी, महावीर धामा मौजूद रहें।

तपस्विनी फाउंडेशन ने याद किया सावित्री बाई फुले को, पुष्पाजंलि देकर किया नमन।

श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। देश की पहली महिला शिक्षक व बालिकाओं को लिए पहली स्कूल खोलने वाली महान महिला प्ररेणा सावित्री बाई फुले को तपस्विनी फाउंडेशन द्वारा याद किया गया। कार्यक्रम में मुख्य वक्ता सुनील तावणियां ने फुले को महिला सशक्तिकरण की अग्रदूत बताते हुए उनके जीवन संघर्ष से प्रेरणा लेकर कर्तव्य पथ पर अग्रसर होने की बात युवतियों से कही। उन्होंने कहा कि महिलाओं व दलित समाज के लिए फुले का योगदान अतुलनीय है। उन्होंने महिला शिक्षा का नारा बुलंद किया और महिलाओं की स्थिति सुधारने के लिए अनेक सामाजिक कार्य किए जो आज भी प्रेरणीय है। संगठन की महामंत्री सुमन मोदी ने बताया कि कार्यक्रम में क्रांतिकारी महिला ज्योतिबा फुले पुष्पाजंलि अर्पित कर सभी ने समाज में महिला शिक्षा को बढ़ावा देने का संकल्प लिया। कार्यक्रम में मीना मोरवानी, बसंती लांबा, कविता लांबा, दीपिका सोनी, ललिता सोनी, किशन शर्मा सहित अनेक महिलाएं मौजूद रही।

श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। महिला गौरव ज्योतिबा फुले को याद कर दी पुष्पाजंलि।