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October 16, 2026
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श्रीडूंगरगढ टाइम्स 25 फरवरी 2020। मैं गरीब की बेटी हुं जीद नहीं करती, एक अमीर की बेटी पार्लर में जितना दे आती है उतने में गरीब की बेटी अपने ससुराल चली जाती है। ये मार्मिक शब्द कहें कितासर बिदावतान की बेटी कान्ता मेघवाल ने। सहिराम मेघवाल जो तीन वर्ष पूर्व मानसिक बीमारी में ईलाज की कमी के कारण इस दुनिया से चल बसे और माँ के लिए तीन बच्चों को पालना भारी पड़ रहा था। ईश्वर ने बच्चों को असमय बड़ा बना दिया। तीन बहनों भाईयो में सबसे बड़ी बहन कान्ता के विवाह का अवसर था और मौका था गरीब सेवा संस्थान द्वारा कान्ता के विवाह में मायरा भरने का और संस्थान के एक कार्यकर्ता भंवर लाल सोनी ने किशोरी के सर पर हाथ कर कहा कि बेटा कोई चीज चाहिए तो कान्ता ने बिना किसी मलाल के खुश हो कर कहा कि गरीब की बेटी हुं मैं बात बात पर जीद नहीं करती। इस बात पर वहां उपस्थित संस्थान के कार्यकर्ताओं सहित उसकी माँ की आँखे भी भर आई।
आज गरीब सेवा संस्थान श्रीडूंगरगढ ने गौरान्वित करने वाला कार्य किया जिससे हमारे क्षेत्र की समरसता प्रकट होती है। संस्थान ने कितासर बिदावतान के इस परिवार को एक वर्ष पूर्व गोद लिया। एक वर्ष से इनके घर राशन, कपड़े आदि पहुंचाने का कार्य संस्थान कर रहा है। कान्ता का विवाह तय होने पर संस्थान के कार्यकर्ताओं ने घर का रंग रोगन भी करवाया। आज मायरा भरते हुए हर आँख नम थी। संस्थान ने 31 हजार नगदी सहायता दी। जो भी कार्यकर्ता वहां पहुंचा वह अपने घर से बेटी विदा करने के लिए कोई छोटा गहना, साड़ी, कम्बल, जो भी बन सका लेकर गया। कार्यकर्ताओं ने कहा हम खुशी से बहन के घर मायरा भरने आए है तो खाली हाथ कैसे आते। ज्ञात रहे संस्थान ने 22 परिवार गोद ले रखे है जिनका महिने का राशन व अन्य खर्च की व्यवस्था संस्थान ही कर रहा है। असाध्य बिमारी से पीड़ित दो जनों का ईलाज भी इनके द्वारा करवाया जा चुका है। संस्थान के मुख्य सेवादार भवरलाल सोनी, रामनिवास जससू, नागरमल औझा, नारायन ताणिया, जितेंद्र शर्मा, केलाश दर्जी, लालूराम पुनिया, सतवीर पुनिया, ओमप्रकाश पूनिया, मनफुल सहू, श्रीभगवान पुनिया, मालाराम पुनिया, राजुराम पुनिया, सन्जू सेन, दिनेश व्यास, व संस्थान के अध्यक्ष रामकिशन फोजी उपस्थित रहे।
सोशल मीडिया बना माध्यम
श्रीडूंगरगढ टाइम्स। सोशल मीडिया के दुरूपयोग की घटनाऐं आप रोजाना अखबार में देखते है। लेकिन सकारात्मक लोग जहां जुड़ते है कुछ अच्छा ही उदाहरण पेश करते है। ये गरीब सेवा संस्थान फेसबुक के माध्यम से एक समृध सोच के साथ जुड़े युवाओं का संगठन है। जो सेवा कार्य सोशल मीडिया के माध्यम से कर रहा है। यह सोशल मीडिया के सार्थक उपयोग की सीख आज के युवाओं को प्ररेणा देते हुए प्रतीत होती है।