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October 16, 2026
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श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 16 दिसम्बर 2022। साहब शहर हो या गांव, ढाणी हो या घनी आबादी, बच्चें तो बच्चे है ना, उन्हें समान पढ़ने का अधिकार आप कैसे छीन रहे हो। बच्चों के भविष्य से जुडा यह बड़ा सवाल शुक्रवार को क्षेत्र के विभिन्न गांवों से आए किसानों ने विद्युत विभाग के श्रीडूंगरगढ अधिक्षण अभियंता को घेर कर पूछा। किसानों ने एलडी कटौती के नाम पर सुबह एवं शाम को हो रही कटौती के विरोध में एक्सईएन कार्यालय का घेराव किया एवं जम कर नारेबाजी की। किसानों की अगुवाई करते हुए युवा नेता विवेक माचरा ने बिजली विभाग के अनीतिगत निर्णयों से किसानों के सामने भयंकर बिजली संकट उत्पन्न होने की बात कही एंव परीक्षाओं को देखते हुए किसी भी सूरत में शाम 5 बजे से रात्रि 10 बजे तक बिजली आपूर्ति बंद करने को सहन नहीं करने की बात कही। माचरा एवं किसानों ने इस अघोषित कटौती को त्वरीत प्रभाव से रोकने की मांग की एवं कटौती बंद नहीं करने की स्थिति में विभाग और अधिकारियों को गंभीर परिणाम भुगतने के लिए तैयार रहने की चेतावनी दी। माचरा ने बताया कि श्रीडूंगरगढ़ क्षेत्र में पिछले लंबे समय से किसानों को 6 घंटे बिजली निर्बाध रूप से नहीं दी जा रही है एवं अधिकाशं जगहों पर लोड, कटौती, वोल्टेज के नाम पर किसानों का शोषण किया जा रहा है। माचरा ने गांवों में बने जीएसएस पर प्रतिमाह रखरखाव ठेका पांच लाख रुपए का भुगतान करने के बाद भी जीएसएस में ओसीबी, इंसुलेटर जैसी सामान्य उपकरण भी खराब पडे है एवं इस कारण किसानों को आए दिन लाखों रुपए के उपकरणों की बर्बादी झेलनी पड़ती है। प्रदर्शन के दौरान बीदासर बिजली विभाग से जुड़े बरजांगसर, सोनियासर आदि गांवों में निरंतर अघोषित कटौती के खिलाफ आक्रोश को उच्चाधिकारियों तक पहुंचाने एवं त्वरीत रूप से समाधान करवाने की मांग की गई है। प्रदर्शन में बरजांगसार सरपंच रामनारायण, प्रभुनाथ, मांगनाथ आदि सहित बड़ी संख्या में किसान शामि रहे।