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October 17, 2026
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श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 18 मार्च 2025। क्षेत्र की सबसे बड़ी ग्राम पंचायत के ग्रामीणों ने एकत्र होकर वर्तमान सरपंच के खिलाफ भारी भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए उपखंड अधिकारी उमा मित्तल को पत्र सौंपा है। ग्रामीणों ने मित्तल को बताया कि गांव में निर्माणाधीन अस्पताल का कार्य पूर्ण होने की कगार पर है और ऐसे में सीएचसी के मुख्य द्वार पर दक्षिणी दिशा में 60*20 का फर्जी पट्टा एक अतिक्रमणकारी ने बनवा रखा है। उसने काम रूकवा दिया जिससे गांव में तनाव की स्थिति बन गई है। ग्रामीणों ने बताया कि ये पट्टा 1997 में तत्कालीन सरपंच के निजी सहायक ने फर्जी हस्ताक्षर कर बनाया जिस पर ग्राम सेवक के कोई हस्ताक्षर कहीं नहीं है। ये भूमि आज दिन तक खाली पड़ी है और मोमासर आड़सर रोड पर स्थित होने के कारण कब्जा करने योग्य नहीं है। इस क्षेत्रफल की अन्य कोई भूमि मौके पर मौजूद ही नहीं है। इसके बावजूद वर्तमान सरपंच ने इस पट्टे का फर्जी डूप्लीकेट पट्टा जारी कर तहसील कार्यालय में पंजीयन करवा उसका नवीनीकरण करवा दिया है। अतिक्रमणकारी ने इस पर एक निजी फायनेंस कंपनी से लॉन भी ले लिया है। ग्रामीणों ने वर्तमान सरपंच पर आरोप लगाते हुए बताया कि गांव में आक्रोश की स्थिति है। अस्पताल की दीवार का कार्य बंद पड़ा है। ग्रामीणों ने सीएचसी के दो दरवाजे दक्षिण दिशा में रखवाकर फर्जी पट्टों को निरस्त करने की मांग करें। उपखंड अधिकारी ने मामले की जांच करवाने का आश्वासन दिया। इस दौरान पूर्व सरपंच जेठाराम भामूं व पूर्व जिला परिषद सदस्य सुभाष कमलिया ने वर्तमान सरपंच का सीधा दोष बताते हुए इस पट्टे को निरस्त करवाने की कार्रवाई किए जाने की मांग की। ग्रामीणों ने बताया कि यदि ये पट्टा काबिज रहता है तो अस्पताल में गाड़ी प्रवेश की जगह नहीं रहेगी जो पूरे गांव के लिए घोर अन्यायपूर्ण होगा। बता देवें ग्राम पंचायत मोमासर में गत दिनों डेढ़ दर्जन से अधिक फर्जी पट्टे एडीएम द्वारा निरस्त किए गए। इस दौरान युवा बीरबल पूनियां, किशनाराम खिलेरी, धनराज सोनी, गिरधारी जाखड़, सीताराम नाई, सौदान सिंह भाटी, शंकरलाल पूनियां, सोहन घिंटाला सहित अनेक ग्रामीण मौजूद रहें।

श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। ग्रामीणों ने कड़ी आपत्ति जताते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की और ग्रामीणों के हित में कार्य करने का आग्रह किया।