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October 16, 2026
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श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 30 मई 2021। संस्कृत में पुल को सेतु कहा जाता है। सेतु या पुल किसी दुर्गम स्थान या नदी के किनारों को आपस में जोड़ता है। यह आसन भी हमारे मन और शरीर के बीच तालमेल को बैठाने में मदद करता है। जैसे पुल का काम ट्रैफिक और दबाव को सहन करना है, ये आसन भी हमारे शरीर से टेंशन को निकालता और कम करने में मदद करता है।
विधि
1. योग मैट पर पीठ के बल लेट जाएं। सांसों की गति सामान्य रखें।

2. इसके बाद हाथों को बगल में रख लें।

3. अब धीरे-धीरे अपने पैरों को घुटनों से मोड़कर हिप्स के पास ले आएं।

4. हिप्स को जितना हो सके फर्श से ऊपर की तरफ उठाएं। हाथ जमीन पर ही रहेंगे।

5. कुछ देर के लिए सांस को रोककर रखें।

6. इसके बाद सांस छोड़ते हुए वापस जमीन पर आएं। पैरों को सीधा करें और विश्राम करें।

7. 10-15 सेकेंड तक ​आराम करने के बाद फिर से शुरू करें।

सेतु बंधासन के फायदे
1. सीने, गर्दन और रीढ़ की हड्डी में लचीलापन पैदा करता है।

2. पाचन सुधारता है और मेटाबॉलिज्म सुधारता है।

3. एंग्जाइटी, थकान, कमर दर्द, सिरदर्द में अनिद्रा में फायदेमंद।

4. दिमाग को शांत करता है।

5. फेफड़ों की क्षमता बढ़ाता है और थायरॉयड की समस्या में फायदेमंद।

6. रक्त संचार सुधारता है।

सेतु बंधासन के ​पीछे का विज्ञान
सेतु बंधासन में हमारा हृदय सिर से ऊपर होता है। इससे रक्त का प्रवाह हमारे सिर की तरफ बढ़ जाता है। इससे हमें एंग्जाइटी, थकान, तनाव/टेंशन/स्ट्रेस , अनिद्रा/इंसोम्निया , सिरदर्द और हल्के डिप्रेशन से ​निपटने में मदद मिलती है।

सेतु बंधासन के नियमित अभ्यास से दिमाग को शांति मिलती है और ब्लड प्रेशर सामान्य रहता है। ये फेफड़ों की क्षमता को बढ़ाने के अलावा सीने में होने वाले नसों के ब्लॉकेज को रोकने में भी मदद करता है। अस्थमा के मरीजों को भी इस आसन को रोज करने की सलाह दी जाती है।

ये आसन थायरॉयड ग्रंथि में उत्तेजना बढ़ाता है और मेटाबॉलिज्म को नियमित करता है। सेतु बंधासन उन लोगों के लिए भी बेस्ट है जो दिन भर कंप्यूटर या लैपटॉप के सामने बैठकर काम करते हैं। इस आसन को करने से घुटनों और कंधों में मसाज मिलने जैसा आराम मिलता है।
सावधानी
1. हार्ट सर्जरी वाले इस अभ्यास को न करें।
2. रीढ़ हड्डी में चोट वाले बिना प्रशिक्षक की देखरेख में न करें।
3. यह आसन करते वक्त कमर को झटका न दे।
(इस बारे में अधिक जानकारी के लिए संपर्क करें योग एंड मेडिटेशन स्पेशलिस्ट राजू हीरावत से 9414587266 व्हाट्सएप नम्बर पर)

श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। सेतुबंध की सही स्तिथि।