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October 16, 2026
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श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। प्रसिद्ध पूनरासर धाम में शनिवार को भादवा मेले के मुख्य अवसर पर आस्था का सैलाब उमड़ पड़ा। अलसुबह विशेष पूजा-अर्चना के बाद हनुमान बाबा का तीन किलो सोने के कवच से विशेष श्रृंगार किया गया। मंदिर परिसर को फूलों से सजाया गया तथा बाबा को छप्पन भोग अर्पित किया गया। इस दौरान तीन दर्जन से अधिक सवामणी के भोग भी लगाए गए। सुबह से ही श्रद्धालुओं की लंबी कतारें मंदिर परिसर में नजर आईं। दिनभर लाखों श्रद्धालुओं ने बाबा के दर्शन कर धोक लगाई और मन्नतें मांगी। अलसुबह से देर रात तक मंदिर परिसर बाबा के जयकारों से गूंजता रहा। दर्शन के लिए लगी कतारों में श्रद्धालु लगातार आगे बढ़ते रहे।
भादवा में पूर्णिमा के बिना भरता है तीन दिन का मेला।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। देशभर में चैत्र सुदी पूर्णिमा को हनुमान जयंती तथा आसोज सुदी पूर्णिमा को शरद जयंती के अवसर पर मेले आयोजित होते हैं। वहीं पूनरासर धाम की मेले की परंपरा अलग है। यहां भादवा माह में पूर्णिमा के बजाय ऋषि पंचमी के बाद आने वाले पहले मंगलवार या शनिवार को तीन दिवसीय मेला आयोजित होता है।
पुजारी ट्रस्ट के मंत्री महावीर बोथरा ने बताया कि पूनरासर धाम में वर्ष में तीन बड़े मेले आयोजित होते हैं। मुख्य मेले के दिन बाबा को विशेष रूप से तीन किलो सोने का कवच पहनाया जाता है। मेला संपन्न होने के बाद कवच को बैंक के लॉकर में सुरक्षित रखवा दिया जाता है।
मेले में बीकानेर, चूरू सहित राजस्थान के विभिन्न जिलों के अलावा हरियाणा, पंजाब और दिल्ली सहित दूर-दराज के क्षेत्रों से भी श्रद्धालु पहुंचते हैं। पुजारी ट्रस्ट की ओर से मेले के दौरान श्रद्धालुओं के लिए विभिन्न सुविधाओं की व्यवस्था की जाती है।
कोई पैदल, कोई दंडवत तो कोई ऊंटगाड़े पर पहुंचा
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। शनिवार को बाबा के दर्शन के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु पूनरासर पहुंचे। बीकानेर से पूनरासर तक का मार्ग श्रद्धालुओं की आवाजाही से भरा नजर आया। कई श्रद्धालु पैदल पहुंचे तो अनेक ने दंडवत यात्रा कर बाबा के दरबार में धोक लगाई। वहीं कई श्रद्धालु ऊंटगाड़ों पर सवार होकर पहुंचे। हजारों वाहनों से भी श्रद्धालु मेले में पहुंचे और बाबा के दर्शन कर अपनी मन्नतें मांगी।