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October 16, 2026
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श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 6 सितंबर 2025। विदेश में अच्छी सैलेरी का लालच देकर धोखाधड़ी के मामले बढ़ते जा रहें है। क्षेत्र में फर्जी वीजा व फर्जी एग्रीमेंट दिखाकर विदेश भेज कर एक युवक को वहां फंसा देने व भारत बुलाने और रूपए लौटाने से इंकार करते हुए तीन लाख रूपए हड़प लेने का मामला सामने आया है। थानाधिकारी जितेंद्र स्वामी ने बताया कि बिग्गा बास निवासी चमन अली पुत्र समशुद्दीन काजी ने सुजानगढ़ निवासी अपने रिश्तेदार नफीस अहमद पुत्र इल्मूद्दीन अगवान के खिलाफ धोखाधड़ी के आरोप लगाए है। परिवादी ने पुलिस को बताया कि आरोपी 15 दिसंबर 2024 को उसके घर आया। आरोपी ने यूरोप, अजरवैजान, सिंगापुर सहित कई देशों में बड़ी बड़ी कंपनियों की डिमांड उसके पास होने की बात कही। परिवादी व परिवादी के भाई रहीश रजा ने उस पर भरोसा कर लिया। आरोपी ने एक सप्ताह में विजा का काम करवाने की बात कही तो दोनों भाइयों ने उसे अपना पासपोर्ट दे दिया। आरोपी ने 22 दिसबंर को 25 हजार रूपए लिए और अजरबैजान देश का वीजा और स्टोर कीपर का काम बताते हुए वेतन 80 हजार रूपए बताया। आरोपी ने भेजने का खर्च 2,20,000 बताया। 23 दिसंबर को 25 हजार फोन पे, 25 दिसंबर को 50 हजार रूपए, 1 जनवरी 2025 को 70 हजार रूपए फोन पे से आरोपी को भेज दिए। आरोपी 1 जनवरी को फिर श्रीडूंगरगढ़ आया और अजरबैजान देश का फर्जी एग्रीमेंट लेटर दिखाकर रहीश रजा के लिए स्टोर कीपर का फर्जी वीजा व 850 यूएस डॉलर प्रतिमाह की सैलेरी का भरोसा दिलवा कर 50 हजार रूपए ओर ले लिए। उसके बाद आरोपी ने 10-15 दिन का कहकर मार्च 2025 तक टालता रहा। 4 अप्रैल 2025 को आरोपी ने रहीश रजा को फोन कर कहा कि वो एग्रीमेंट व विजा गलत था, आपका विजा अर्मेनिया देश का मंगवाया है। उसमें भी 80 हजार रूपए सैलेरी व स्टोर कीपर का विजा है। परिवादी के भाई ने पिछला ओलमा दिया तो उसने कहा कि अब अर्मेनिया का असली विजा है। 11 अप्रेल को आरोपी फिर यहां आया और 12 अप्रेल को दिल्ली से अर्मेनिया की फ्लाइट होने की बात कही। उसने कहा कि 80 हजार रूपए और देने होंगे तो परिवादी ने उसे देकर कुल 3 लाख रूपए दे दिए। आरोपी ने उसके भाई को अर्मेनिया भेज दिया वहां जाकर पता चला वहां कोई बड़ी कंपनी नहीं है और 10-15 जने किसी ठेकेदार के पास काम कर रहें है। वहां खाने पीने व रहने की भी अच्छी व्यवस्था नहीं थी और ना ही स्टोर कीपर का काम था। परिवादी ने आरोपी को फोन किया तो उसने कहा थोड़े दिन एरजेस्ट करो। आरोपी ने वर्क वीजा की बजाए टूरिस्ट वीजा पर रहीश रजा को वहां भेजा। इतने दिन आरोपी कहता रहा कि वर्क वीजा लगवा दुंगा और सैलेरी भी बढ़वा दुंगा। 20 जुलाई 2025 को आरोपी से बात की तो उसने गालियां निकालते हुए रूपए हड़प करने की बात कही। आरोपी ने उसके भाई को इंडिया बुलाने के लिए 2 लाख रूपए और मांगे, व नहीं देने पर उसे देश नहीं बुलाने व तीन लाख रूपए लौटाने से मना कर दिया। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच एएसआई सुरेश कुमार को सौंप दी है।