Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
October 16, 2026
evee
AdvertisementAdvertisementAdvertisementAdvertisementAdvertisementAdvertisement

जेपीएस में कल होगा भव्य समारोह।

श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। सरदारशहर रोड पर स्थित अंग्रेजी माध्यम स्कूल जयपुर पब्लिक स्कूल मे शनिवार दोपहर 3.30 बजे शानदार वार्षिकोत्सव मनाया जाएगा। बच्चों द्वारा भारतीय संस्कृति से संबंधित विभिन्न रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दी जाएगी। निदेशक कुंभाराम घिंटाला ने बताया कि समारोह को लेकर छात्र छात्राओं ने बेहतरीन तैयारी की है। समारोह में बच्चों का हौसला बढ़ाने अतिथि रूप में आईएएस सोहनलाल व सीओ श्रीडूंगरगढ़ निकेत पारीक भी शामिल होंगे। वहीं सनराइज वेलफेयर सोसायटी के अध्यक्ष पूरणमल चौधरी भी विद्यार्थियों का मार्गदर्शन करेंगे। घिंटाला ने क्षेत्रवासियों को इस आयोजन में शामिल होने का आग्रह भी किया है।

विद्यार्थी मिले दूसरे स्कूल के विद्यार्थियों से, शिक्षा व केरियर को लेकर किया साझा चिंतन।   

श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। पीएमश्री राउमावि केऊ पुरानी के विद्यार्थियों का एक दल आज सहशैक्षिक गतिविधि के तहत स्कूल साझेदारी कार्यक्रम के दौरान पीएमश्री केंद्रीय विद्यालय नंबर एक बीकानेर पहुंचे। यहां विद्यार्थियों ने स्कूल का निरीक्षण किया व स्कूल के नवाचारों से रूबरू हुए। दोनों विद्यालयों के विद्यार्थियों ने आपस में अपने अनुभव साझा करते हुए शिक्षा व रोजगार पर विभिन्न चर्चाएं की। केंद्रीय विद्यालय के प्राचार्य महिपाल सिंह ने विद्यार्थियों व स्टाफ का स्वागत किया। दल प्रभारी के रूप में कालूदास स्वामी व सुरेखा उपस्थित रहें। संस्था प्रधान अजीत सांवरिया ने बताया कि इस गतिविधि के द्वारा विधार्थियो ने परस्पर अपने अपने विचारों का भविष्य के लिए देखें गए अपने सपनों को साझा किया। इससे बच्चे सीखे के नए आयाम स्थापित कर सकेंगे। छात्र छात्राओं ने इस विजिट को यादगार बताया। इससे पूर्व सुबह एसएमसी अध्यक्ष रामदयाल सुथार, पृथ्वीसिंह राठौड़, सुमेर सहारण, सुनील कुमारी ने दल को रवाना करते हुए शुभकामनांए दी।

श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। केन्द्रीय विद्यालय का भ्रमण कर मिले विद्यार्थियों से, किया विचारों का आदान प्रदान।

तीन दिवसीय शिविर में दिव्यांगो के लिए अंग प्रत्यारोपण व कृत्रिम अंगों का वितरण होगा।

श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। महापुरुष समारोह समिति श्रीडूंगरगढ़ की बैठक शुक्रवार को श्रीगोपाल राठी की अध्यक्षता में आयोजित हुई। बैठक में 23 से 26 फरवरी तक दिव्यांगजनो के लिए आयोजित होने वाले अंग प्रत्यारोपण एवं निः शुल्क कृत्रिम अंग वितरण कार्यक्रम की रूपरेखा तैयार की गई । मंत्री सुशील सेरडिया ने बताया कि महावीर सेवा सदन कोलकाता एवं धर्मचन्द्र भीखमचन्द पुगलिया चैरिटेबल ट्रस्ट श्रीडूंगरगढ़ कोलकाता के सौजन्य से कैलिपर्स प्रत्यारोपण एवं निःशुल्क कृत्रिम अंग वितरण शिविर का शुभारम्भ समारोह 23 फरवरी को प्रातः 10:30 बजे तेरापंथ भवन (धोलिया नोहरा) श्रीडूंगरगढ़ में आयोजित किया जाएगा। कार्यक्रम संयोजक केएल जैन को नियुक्त किया गया। निर्मल कुमार पुगलिया ने बताया कि इस शिविर में दिव्यांगजनो को सहारे के लिए जयपुर फुट, कृत्रिम हाथ, पांव व कैलिपर्स निःशुल्क प्रदान किए जाएंगे। शिविर आयोजक भीखमचन्द पुगलिया ने दिव्यांगजनो से शिविर में अधिकाधिक लाभ उठाने की अपील की है। बैठक में संस्था सदस्य संजय करवा, सुरेश भादानी, अशोक पारीक उपस्थित रहें।

निजी शिक्षण संस्थाओं के लिए खास खबर, विभिन्न प्रकार की एनओसी के लिए मांगे आवेदन।

श्रीडूगरगढ़ टाइम्स। माध्यमिक शिक्षा निदेशालय द्वारा शैक्षणिक सत्र 2025-26 के लिए गैर सरकारी क्षेत्र में संचालित विद्यालयों हेतु नवीन मान्यता अथवा संचालित विद्यालयों की क्रमोन्नति तथा विद्यमान गैर सरकारी विद्यालयों में अतिरिक्त संकाय, विषय, माध्यम तथा भवन, स्थान, वर्ग, नाम और माध्यम परिवर्तन, प्रबन्ध अन्तरण, मान्यता समर्पण एवं माध्यमिक शिक्षा बोर्ड के अतिरिक्त अन्य बोर्ड (सीबीएसई, सीआईएससीई, सीआईएई अथवा आईबी) से संबद्धता प्राप्त के लिए एनओसी की इच्छुक संस्थाओं से आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। यह आवेदन आगामी 15 फरवरी से 14 मार्च तक सामान्य शुल्क तथा 15 से 31 मार्च तक विलम्ब शुल्क के साथ पीएसपी पोर्टल पर ऑनलाइन आमन्त्रित किए गए हैं। निदेशक आशीष मोदी ने बताया कि शैक्षिक सत्र 2025-26 के लिए जारी विज्ञप्ति में विभाग द्वारा जारी होने वाली माध्यमिक शिक्षा बोर्ड, अजमेर के अलावा अन्य बोर्ड से  संबद्धता हेतु अनापत्ति प्रमाण पत्र की  समयावधि 1 वर्ष से बढ़ाकर 2 वर्ष के लिए मान्य रहेगी। मान्यता, क्रमोन्नति आदि के संबंध में आवश्यक कक्षा-कक्ष के मापदण्ड में माध्यमिक स्तर एवं उच्च माध्यमिक स्तर के विद्यालयों में न्यूनतम आवश्यक कक्षा-कक्ष की संख्या में 2 कक्षा कक्षों की कमी की गई है। इसके बाद अब माध्यमिक स्तर के विद्यालयों के लिए न्यूनतम 12 कक्षा कक्ष तथा उच्च माध्यमिक स्तर के विद्यालय के लिए न्यूनतम 14 कक्षा कक्ष आवश्यक होंगे।